उत्तराखंड में मानसून का कहर: मूसलाधार बारिश से सड़कें बंद, जलभराव बढ़ा, कई जिलों में ऑरेंज अलर्ट जारी

उत्तराखंड में मानसून का कहर: मूसलाधार बारिश से सड़कें बंद, जलभराव बढ़ा, कई जिलों में ऑरेंज अलर्ट जारी

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Monsoon havoc in Uttarakhand: Roads blocked and waterlogging

देहरादून। उत्तराखंड में मानसून के तेवर तल्ख हो गए हैं। प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में बुधवार को मूसलाधार बारिश हुई। पहाड़ से लेकर मैदान तक झमाझम बारिश के चलते जनजीवन प्रभावित हुआ।

हरिद्वार में 24 घंटे में भारी बारिश

 हरिद्वार और आसपास क्षेत्र में बुधवार देर रात से झमाझम वर्षा हो रही है। शहर के कई निचले इलाकों में जलभराव की स्थिति है। मध्य हरिद्वार के व्यस्ततम श्री चंद्राचार्य चौक, भगत सिंह चौक रेलवे पुलिया के नीचे घुटनों पानी जमा होने से आवागमन पर असर पड़ रहा है। 

जनपद हरिद्वार में पिछले 24 घंटों के दौरान अच्छी बारिश दर्ज की गई। जिला प्रशासन के अनुसार हरिद्वार में 122 मिमी, रुड़की में 160 मिमी, भगवानपुर में 45 मिमी, लक्सर में सर्वाधिक 180 मिमी तथा रोशनाबाद में 115 मिमी वर्षा रिकॉर्ड की गई। मौसम विभाग के अनुसार गुरुवार को न्यूनतम तापमान 21 डिग्री सेल्सियस तथा अधिकतम तापमान 26 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।

वहीं, भीमगोड़ा बैराज पर गंगा का जलस्तर सुबह 8 बजे 291.10 मीटर दर्ज किया गया, जो चेतावनी स्तर 293.00 मीटर और खतरे के स्तर 294.00 मीटर से नीचे है। बैराज से अपस्ट्रीम जलप्रवाह 47,778 क्यूसेक तथा डाउनस्ट्रीम 35,912 क्यूसेक रिकॉर्ड किया गया। जिला प्रशासन ने नदी किनारे रहने वाले लोगों और श्रद्धालुओं से सतर्क रहने तथा मौसम संबंधी आधिकारिक सलाह का पालन करने की अपील की है।

रुड़की में बुधवार रात से लगातार बारिश हो रही है। कई इलाकों में जल भराव हो रहा है।

टिहरी में कई मार्ग बंद

नई टिहरी। जिला मुख्यालय सहित आसपास के क्षेत्रों में कल रात्रि से लगातार बारिश जारी है। बारिश के कारण एनएच07 ऋषिकेश-कीर्तिनगर मोटर मार्ग तीन धारा के पास, एसएच30 सुवखोली अलमस् नगुण मोटर मार्ग रौतु की बेली के पास और एसएच77 नरेंद्रनगर रानीपोखरी मोटर मार्ग बंद है। वहीं 06 ग्रामीण मार्ग अवरुद्ध हैं।

बदरीनाथ यात्रा सुचारू

चमोली जिले में रात्रि से हो रही बारिश गुरुवार सुबह भी जारी रही। बदरीनाथ हाईवे भनेरीपानी के पास बंद था, जिसे बाद में खोल दिया गया। बदरीनाथ यात्रा सुचारू है। वहीं गैरसैंण हाईवे भी भूस्खलन से बंद हो गया था, जो बाद में खोल दिया गया। जिले में 19 ग्रामीण संपर्क मोटर मार्ग बंद हैं।

तापमान में करीब चार डिग्री सेल्सियस की गिरावट

कुमाऊं मंडल में लगातार हो रही वर्षा से लोगों की मुश्किलें बढ़ गई हैं, जबकि देहरादून में भी कई दौर की तेज बारिश के बाद अधिकतम तापमान में करीब चार डिग्री सेल्सियस की गिरावट दर्ज की गई। निचले इलाकों में जलभराव और नदियों के जलस्तर में बढ़ोतरी से लोगों की चिंता बढ़ गई है। आज भी प्रदेश के पांच जिलों में भारी वर्षा का आरेंज अलर्ट जारी किया गया है।

इन जिलों में भारी बारिश का अलर्ट

मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार, गुरुवार को प्रदेश में बारिश का दौर जारी रहने का अनुमान है। विभाग ने देहरादून, हरिद्वार, ऊधमसिंह नगर, नैनीताल और चंपावत जिलों के लिए आरेंज अलर्ट जारी करते हुए कहीं-कहीं बहुत भारी वर्षा की चेतावनी दी है। इन जिलों में गर्जन के साथ आकाशीय बिजली चमकने और वर्षा के अति तीव्र से अत्यंत तीव्र दौर पड़ने की भी संभावना जताई गई है।

वहीं, प्रदेश के शेष जिलों के लिए यलो अलर्ट जारी किया गया है। इन क्षेत्रों में भी कहीं-कहीं भारी बारिश, गर्जन और बिजली चमकने के साथ तेज वर्षा होने की आशंका है।

कैलास मानसरोवर यात्रा मार्ग साढ़े चार घंटे बाधित

लगातार बारिश का असर सीमांत जनपद पिथौरागढ़ में भी देखने को मिला। मंगलवार रात हुई वर्षा के कारण धारचूला-तवाघाट मोटर मार्ग पर चट्टान दरकने से भारी मलबा सड़क पर आ गया। इससे कैलास मानसरोवर यात्रा मार्ग बुधवार सुबह करीब पांच बजे से साढ़े नौ बजे तक बंद रहा।

मार्ग बाधित होने से यात्रा पर निकले श्रद्धालुओं और यात्रियों को करीब साढ़े चार घंटे तक इंतजार करना पड़ा। इसी मार्ग से दारमा और चौंदास घाटियों का संपर्क भी बना रहता है।

मार्ग बंद होने से इन घाटियों का संपर्क भी प्रभावित हुआ। जिले में फिलहाल 18 ग्रामीण सड़कें बंद होने से 20 हजार से अधिक आबादी प्रभावित बताई जा रही है। प्रशासन सड़कें खोलने के लिए मशीनें लगाकर मलबा हटाने में जुटा है।